रक्षाबंधन के पावन पर्व पर रांची पुलिस का बेहद मानवीय और संवेदनशील चेहरा सामने आया। राजधानी रांची के वरीय पुलिस अधीक्षक (एसएसपी), सिटी एसपी, ग्रामीण एसपी, ट्रैफिक एसपी और कोतवाली एएसपी ने पंडरा स्थित बालाश्रय तथा चुटिया स्थित प्रेमाश्रय पहुंचकर वहां रह रहे बच्चों के साथ रक्षाबंधन का त्योहार उत्साहपूर्वक मनाया। इस विशेष मौके पर आश्रम के बच्चों ने पुलिस अधिकारियों को अपना भाई और संरक्षक मानते हुए उनकी कलाई पर रक्षा सूत्र बांधा और अटूट स्नेह व विश्वास प्रकट किया।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों ने बच्चों के साथ बैठकर आत्मीय माहौल में भोजन किया और उनसे खुलकर बातचीत की। अधिकारियों ने बच्चों की पढ़ाई-लिखाई, उनकी रुचियों और भविष्य के सपनों के बारे में जानकारी ली तथा उनका मनोबल बढ़ाते हुए उन्हें आकर्षक उपहार भेंट किए। बच्चों के साथ बिताए गए इन पलों ने पूरे वातावरण को भावुक और खुशनुमा बना दिया, जिससे बच्चों के चेहरों पर अद्भुत मुस्कान खिल उठी।
उपस्थित पुलिस पदाधिकारियों ने कहा कि समाज के हर बच्चे को स्नेह, सुरक्षा और सम्मान पाने का पूरा अधिकार है। ऐसे आयोजनों से न केवल बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ता है, बल्कि पुलिस और आम जनता के बीच संवेदनशीलता व भरोसे का रिश्ता भी मजबूत होता है। इस पहल ने समाज में यह मजबूत संदेश दिया कि खाकी केवल कानून-व्यवस्था संभालने तक सीमित नहीं है, बल्कि वह समाज के हर वर्ग के सुख-दुख में एक सजग अभिभावक की तरह हमेशा साथ खड़ी है। इस अवसर पर संबंधित स्थानीय थानों के पुलिस पदाधिकारी और कर्मी भी उपस्थित थे।














